पुलिस ने 315 बोर की बंदूक, कट्टा और 2 कारतूस कीए बरामद

पुलिस ने 315 बोर की बंदूक, कट्टा और 2 कारतूस कीए बरामद

भिंड। जमुना ऑटो के डीजीएम एनएमक्यू शमसी पर फायरिंग करने और फोन कर 10 लाख रुपए टेरर टैक्स मांगने के केस में दो आरोपित पकड़ाए। ये दोनों आरोपित ग्वालियर के रहने वाले हैं। दोनों पूर्व में जमुना ऑटो में कर्मचारी रह चुके हैं। एक आरोपित 7 साल पहले निकाला गया था और दूसरा हालही में निकाला गया बताया जा रहा है।

एसपी रूडोल्फ अल्वारेस का कहना है जमुना ऑटो के डीजीएम को धमकाने से पहले आरोपित ग्वालियर के कई व्यापारियों को टेरर टैक्स के लिए धमका चुके हैं। पकड़े गए आरोपितों के तीन साथी फरार हैं। इन पर 5-5 हजार का इनाम घोषित किया है। पकड़ में आए आरोपितों से पुलिस ने 315 बोर की बंदूक, कट्टा और 2 कारतूस बरामद कीए हैं।

पहले फायरिंग, फिर 10 लाख मांगे

मालनपुर जमुना ऑटो के डीजीएम शमसी की कार पर 10 मार्च को एटलस चौराहा के पास दो बदमाशों ने फायरिंग की थी। फायरिंग के चौथे दिन 14 मार्च को डीजीएम के मोबाइल पर 8982316248 नंबर से कॉल आया। फोन करने वाले ने धमकाते हुए 10 लाख रुपए मांगे। एसपी रूडोल्फ अल्वारेस ने पड़ताल के लिए मालनपुर टीआई संजीव नयन शर्मा, एसआई दीपेंद्र यादव, अनिल गुर्जर, देवेश शर्मा की टीम बनाई।

पड़ताल में सामने आया जमुना ऑटो से हाल ही में कॉन्ट्रेक्ट कर्मचारी आशीष शर्मा को निकाला गया था। पुलिस ने आशीष पर नजर रखना शुरू कर दी। डीजीएम के मोबाइल पर आए कॉल की डिटेल निकाली गई। धमकी वाले कॉल की वॉइस रिकॉर्ड चेक करवाई गई। इसमें सामने आया टेरर टैक्स मांगने वाले की आवाज ग्वालियर हजीरा निवासी जीतू परमार की है। पुलिस ने दोनों आरोपितों को गिरफ्तार किया। दोनों पर पुलिस की ओर से 10-10 हजार रुपए का इनाम घोषित किया गया था। आरोपितों के तीन साथी गौरव राठौर, शेर सिंह और हरीश भार्गव फरार हैं। एसपी ने तीनों की गिरफ्तारी पर 5-5 हजार के इनाम कि घोषणा भी की है।

नौकरी से पहले कर्मचारियों का सत्यापन कराए

फायरिंग और टेरर टैक्स के लिए धमकी देने में पकड़ में आए आरोपित पूर्व कर्मचारी हैं। एसपी ने कहा कि इस तरह की वारदात से बचने के लिए फैक्टरी या अपनी शॉप पर नौकरी देने से पहले पुलिस से कर्मचारी का चरित्र सत्यापन जरूर मांगें। उन्होंने कहा कि मोबाइल सिम विक्रेता भी अपने कर्मचारियों पर नजर रखें। अगर शॉप से सिम चोरी होती हैं तो इसकी सूचना पुलिस थाने को जरूर दें। सूचना नहीं देने पर अपराध हुआ तो मोबाइल सिम विक्रेता भी आरोपित बनेगा।

ग्वालियर के व्यापारियों ने नहीं की रिपोर्ट

पुलिस ने मोबाइल डिटेल निकलवाई तो सामने आया कि आरोपितों ने ग्वालियर में मेडिकल शॉप से जुड़े 2-3 व्यापारियों को भी टेरर टैक्स मांगने के लिए धमकीभरे कॉल किए थे। एसपी रूडोल्फ अल्वारेस का कहना है ग्वालियर में व्यापारियों ने इस संबंध में कोई रिपोर्ट नहीं की थी। उन्होंने कहा कि जिन व्यापारियों के पास फोन आए हैं, वे ग्वालियर एसपी या उनके पास संपर्क कर सकते हैं।

पुलिस की पूछताछ में टूट गया जीत

डीजीएम के पास जो धमकी भरा कॉल आया, वह रिकॉर्ड हो गया। उन्होंने इस कॉल की रिकॉर्डिंग पुलिस को दी। एसपी ने क्राइम स्क्वॉड की टीम को रिकॉर्डिंग की वाइस कंफर्म करने के लिए लगाया। पुलिस ने ग्वालियर में अपना नेटवर्क सक्रिय किया। सामने आया आवाज हजीरा निवासी जीतू परमार की है। पुलिस ने जीतू को पकड़कर पूछताछ की। पुलिस के आगे जीतू टूट गया। उसने अपना जुर्म कबूला और पूरी वारदात पुलिस का बता दी।

जीतू की निशानदेही पर पुलिस ने 315 बोर का कट्टा और 2 कारतूस जब्त किए। जीतू के ही बताने पर पुलिस ने हरीश भार्गव के घर से 315 बोर की बंदूक को जब्त किया। पुलिस अब जीतू और आशीष को कोर्ट में पेश कर रिमांड पर ले रही है।

Follow Us

सम्पादक :- मध्यभारत live न्यूज़

%d bloggers like this: